मोबाइल से शेयर कैसे खरीदें? पहली बार खरीदने का पूरा तरीका
मोबाइल से शेयर कैसे खरीदें: पैन कार्ड, डीमैट खाता, ऐप, ऑर्डर के प्रकार और पहला शेयर खरीदने का स्टेप बाय स्टेप तरीका हिंदी में.

मोबाइल से शेयर कैसे खरीदें? आज यह काम सिर्फ फोन से हो जाता है, और पहला शेयर खरीदने में 5 मिनट लगते हैं.
इस लेख में पूरा तरीका स्क्रीनशॉट के साथ है, और वो बातें भी जो पहली बार खरीदते समय जानना जरूरी है.
शुरू करने के लिए क्या चाहिए
1. पैन कार्ड

भारत में किसी भी वित्तीय लेनदेन के लिए पैन कार्ड जरूरी है, और शेयर खरीदने के लिए भी. अगर नहीं है तो आयकर विभाग की वेबसाइट से ऑनलाइन बनवाया जा सकता है.
2. डीमैट और ट्रेडिंग खाता
| खाता | काम |
|---|---|
| डीमैट | खरीदे हुए शेयर रखने के लिए |
| ट्रेडिंग | खरीदने और बेचने के लिए |
| बैंक | पैसे भेजने और पाने के लिए |
तीनों आजकल एक साथ खुल जाते हैं और आपस में जुड़े रहते हैं.
3. बाकी दस्तावेज
- आधार कार्ड (मोबाइल नंबर से जुड़ा हुआ)
- बैंक खाते की जानकारी
- ईमेल आईडी
- नॉमिनी की जानकारी
ब्रोकर चुनिए

भारत में कई ब्रोकर हैं. मेरे पास खुद Zerodha और Groww दोनों में खाता है.
| ब्रोकर | किसके लिए |
|---|---|
| Groww | बिल्कुल नए लोग, इंटरफेस सबसे आसान |
| Zerodha | चार्ट और टूल चाहिए तो |
| Upstox, Angel One, Dhan | विकल्प के तौर पर |
चुनते समय दो चीजें जरूर देखिए: ब्रोकर SEBI रजिस्टर्ड हो, और उसके चार्ज साफ लिखे हों. चार्ज बदलते रहते हैं, इसलिए खाता खोलने से पहले ब्रोकर की वेबसाइट पर ताजा रेट देख लीजिए.
ऐप डाउनलोड कीजिए

सिर्फ Play Store या App Store से ही डाउनलोड कीजिए, और नीचे लिखा डेवलपर का नाम देख लीजिए. WhatsApp या Telegram पर आए किसी लिंक से ऐप कभी इंस्टॉल मत कीजिए. नकली ट्रेडिंग ऐप्स की शिकायतें लगातार बढ़ रही हैं.
लॉग इन और पैसे डालना

खाता चालू होने पर ईमेल पर लॉगिन आईडी और पासवर्ड आ जाता है. पहली बार लॉग इन करने पर पासवर्ड बदलना होता है.
अब UPI से पैसे डालिए. जितने का शेयर लेना है, उतने पैसे खाते में होने चाहिए.
T-PIN संभाल कर रखिए, यह शेयर बेचते समय मांगा जाता है.
अब शेयर खरीदिए
Step 1: ऐप खोलिए और ऊपर सर्च बॉक्स पर जाइए.

Step 2: जिस कंपनी का शेयर चाहिए, उसका नाम लिखिए.

Step 3: शेयर पर क्लिक कीजिए. दो विकल्प दिखेंगे, BUY और SELL.

Step 4: खरीदने के लिए BUY दबाइए.
Step 5: अब ऑर्डर वाली स्क्रीन खुलेगी.

Step 6: यहां तीन चीजें ध्यान से भरिए:
| क्या | क्या चुनें |
|---|---|
| Quantity | कितने शेयर चाहिए |
| Product | CNC या Longterm (निवेश के लिए यही) |
| Order type | Market या Limit |
Step 7: नीचे Swipe to buy को स्वाइप कर दीजिए.
Step 8: ऑर्डर पूरा होते ही पुष्टि दिख जाएगी, शेयर आपके पोर्टफोलियो में आ जाएगा, और ईमेल पर भी जानकारी आ जाएगी.
दो चीजें जो पहली बार में सबसे ज्यादा गलत होती हैं
1. CNC की जगह MIS चुन लेना
यह सबसे आम गलती है.
- CNC का मतलब है शेयर आपके खाते में जमा रहेगा, जब तक आप न बेचें
- MIS का मतलब है इंट्राडे, यानी उसी दिन शाम तक शेयर अपने आप बिक जाएगा
निवेश करना है तो हमेशा CNC चुनिए. गलती से MIS चुनने पर शाम को शेयर बिक जाएगा, और अगर भाव गिरा होगा तो नुकसान में बिकेगा.
2. Market और Limit का फर्क न समझना
| ऑर्डर | कैसे काम करता है | कब इस्तेमाल करें |
|---|---|---|
| Market | जो भाव चल रहा है, उसी पर तुरंत खरीद लेता है | बड़ी और जमी हुई कंपनियों में |
| Limit | आपकी तय कीमत पर ही खरीदेगा | छोटी कंपनियों में, या जब भाव अपना तय करना हो |
नए लोगों के लिए सलाह: बड़ी कंपनी में Market ऑर्डर ठीक रहता है. पर कम कारोबार वाले शेयरों में हमेशा Limit ऑर्डर लगाइए, वरना भाव आपकी उम्मीद से काफी ऊपर लग सकता है.
शेयर खरीदने के बाद क्या होता है
| कब | क्या होता है |
|---|---|
| तुरंत | ऑर्डर पूरा, शेयर पोर्टफोलियो में दिखने लगता है |
| अगले कारोबारी दिन (T+1) | शेयर आपके डीमैट खाते में जमा हो जाता है |
| बेचने पर | पैसा आमतौर पर अगले कारोबारी दिन बैंक खाते में |
कितने पैसे लगेंगे
मान लीजिए किसी शेयर का भाव ₹500 है:
| कितने शेयर | कितने पैसे चाहिए |
|---|---|
| 1 | ₹500 |
| 5 | ₹2,500 |
| 10 | ₹5,000 |
इसके ऊपर कुछ चार्ज लगते हैं. डिलीवरी में खरीदने पर ज्यादातर डिस्काउंट ब्रोकर ब्रोकरेज नहीं लेते, पर STT, GST, स्टांप ड्यूटी और एक्सचेंज के छोटे शुल्क लगते हैं. बेचते समय DP चार्ज अलग से लगता है.
पहली बार खरीदने से पहले
- कंपनी करती क्या है, यह पता होना चाहिए. एक लाइन में न बता पाएं तो मत खरीदिए
- छोटी रकम से शुरुआत कीजिए, ₹500 से ₹2,000
- एक ही शेयर में सब कुछ मत लगाइए
- किसी की टिप पर मत खरीदिए
- बाजार खुलने के पहले 15 मिनट में मत खरीदिए, उस वक्त भाव सबसे ज्यादा उछलता है
सुरक्षित शेयर कैसे चुनें, यह पढ़िए. टाटा जैसी किसी खास कंपनी के शेयर खरीदने हैं तो यह लेख देखिए, जिसमें Groww का तरीका भी है.
निष्कर्ष
मोबाइल से शेयर खरीदना आसान है: पैन और आधार से डीमैट खाता खोलिए, ऐप डाउनलोड कीजिए, पैसे डालिए, कंपनी सर्च कीजिए और CNC चुनकर खरीद लीजिए.
मुश्किल हिस्सा खरीदना नहीं, सही शेयर चुनना है. इसलिए खरीदने से पहले कंपनी के बारे में पढ़िए, और शुरुआत छोटी रकम से कीजिए.
यह लेख सिर्फ सीखने के लिए है. हम SEBI रजिस्टर्ड एडवाइजर नहीं हैं और यह निवेश सलाह नहीं है. किसी भी कंपनी का नाम यहां सिर्फ उदाहरण के लिए है. निवेश से पहले खुद जांच करें या अपने वित्तीय सलाहकार से बात करें.
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
मोबाइल से शेयर खरीदने के लिए क्या चाहिए?
पैन कार्ड, आधार, बैंक खाता, मोबाइल नंबर और एक डीमैट खाता.
सबसे कम कितने पैसे से शेयर खरीद सकते हैं?
एक शेयर की कीमत जितनी हो, उतने से. कई कंपनियों के शेयर ₹100 से भी कम में मिल जाते हैं.
शेयर खरीदने के बाद कब मिलते हैं?
शेयर आमतौर पर अगले कारोबारी दिन (T+1) आपके डीमैट खाते में जमा हो जाते हैं, पर पोर्टफोलियो में तुरंत दिखने लगते हैं.
CNC और MIS में क्या फर्क है?
CNC में शेयर आपके खाते में जमा रहता है, जबकि MIS इंट्राडे के लिए है और उसमें शेयर उसी दिन बिक जाता है. निवेश के लिए हमेशा CNC चुनिए.
क्या मोबाइल से शेयर खरीदना सुरक्षित है?
हां, अगर आप SEBI रजिस्टर्ड ब्रोकर का असली ऐप इस्तेमाल करें, टू फैक्टर लॉगिन चालू रखें और पासवर्ड किसी को न बताएं.

लेखक
Rahul KumarB.Com, Delhi University से कॉमर्स ग्रेजुएट. 2020 से शेयर मार्केट में ट्रेडिंग और निवेश कर रहे हैं और यहाँ अपना अनुभव आसान हिंदी में लिखते हैं.


